2700-plants-of-dragon-fruit.jpg

HNN/ ऊना वीरेंद्र बन्याल

किसानों की आजीविका उपार्जन के लिए जिला ऊना में ड्रैगन फ्रूट की खेती को जिला प्रशासन ऊना बढ़ावा दे रहा है। मनरेगा के तहत जिला ऊना में अब तक 2700 ड्रैगन फ्रूट के पौधे लगाए गए, जिनमें से बंगाणा उपमंडल के तहत 2100 तथा गगरेट के ओयल में 600 पौधे लगाए जा चुके हैं। इस बारे जानकारी देते हुए उपायुक्त ऊना राघव शर्मा ने बताया कि ड्रैगन फ्रूट लगाने का कार्य किसानों की निजी भूमि पर किया जा रहा है, जिसके लिए किसान का मनरेगा जॉब कार्ड धारक होना आवश्यक है।

जिला प्रशासन ऊना ने पंजीकृत नर्सरियों के लिए पौधे के दाम नोटिफाई किए हैं और किसान इन नर्सरियों से ड्रैगन फ्रूट की खरीद कर सकते हैं। जिला प्रशासन ड्रैगन फ्रूट के पौधारोपण के लिए एक लाख रुपए तक की आर्थिक सहायता देगा। जिसमें पौधे के खरीद की लागत तथा उसे लगाने का खर्च शामिल है। राघव शर्मा ने बताया कि ड्रैगन फ्रूट की खेती पहले से ही जिला ऊना में कुछ स्थानों पर की जा रही है, जिसके परिणाम उत्साहवर्धक है। इसीलिए जिला प्रशासन ने इसे बढ़ावा देने का निर्णय लिया है, जिससे कि किसानों में वृद्धि हो सके।

उन्होंने कहा कि संजीवनी परियोजना के तहत जिला प्रशासन ने अंब उपमंडल के तहत बेहड़ जसवां में लगभग 80,000 औषधीय पौधों का रोपण किया गया था, ताकि स्थानीय लोगों की आजीविका का साधन विकसित किया जा सके। उन्होंने कहा कि बेहड़ जसवां में किए गए प्रायोगिक कार्य की सफलता को ध्यान में रखकर वर्तमान में जिला प्रशासन ने मनरेगा के अन्तर्गत ड्रैगन फ्रूट के पौधारोपण के कार्यों को करने का प्रयास किया है। जिलाधीश ने कहा कि कोई भी मनरेगा जॉब कार्ड धारक किसान जो ड्रैगन फ्रूट की खेती का इच्छुक हो, वह अपनी पंचायत के पंचायत सचिव अथवा बीडीओ कार्यालय में संपर्क कर सकता है।

This error message is only visible to WordPress admins

Cannot collect videos from this channel. Please make sure this is a valid channel ID.