13 साल में टिकट मांगने वाले से टिकट बांटने वाला बना: विनय कुमार
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष के रूप में पहली बार राजगढ़ पहुँचने पर भव्य स्वागत; बोले- 2027 में कांग्रेस को रिपीट करवाना ही मुख्य लक्ष्य
राजगढ़ :
हिमाचल प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष एवं रेणुकाजी के विधायक विनय कुमार ने राजगढ़ में कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए अपने राजनीतिक सफर और भविष्य की रणनीति पर बेबाक राय रखी।
उन्होंने कहा कि महज 13 वर्ष पहले दिग्गज नेताओं ने उन्हें टिकट दिलाने के लिए पैरवी की थी, लेकिन आज पार्टी ने उन्हें इस मुकाम पर पहुँचाया है कि वे टिकट बांटने वाली भूमिका में हैं। सिरमौर के लिए गौरव की बात बताते हुए उन्होंने कहा कि डॉ. वाई.एस. परमार के बाद इस पद तक पहुँचने वाले वह जिला के दूसरे व्यक्ति हैं।
विनय कुमार ने दिल्ली में राहुल गांधी के साथ हुई चर्चा का जिक्र करते हुए कहा कि ‘रेणुका कांग्रेस मॉडल’ को पूरे प्रदेश में लागू किया जाएगा। उनका मुख्य उद्देश्य वर्ष 2027 के चुनावों में कांग्रेस की सत्ता में वापसी सुनिश्चित करना है।
इसके लिए वे स्वयं बूथ स्तर पर जाकर कमेटियों के कार्यों की समीक्षा करेंगे ताकि संगठन केवल कागजों तक सीमित न रहे। भाजपा पर प्रहार करते हुए उन्होंने खुलासा किया कि ‘ऑपरेशन लोटस’ के दौरान उन्हें भी कई प्रलोभन दिए गए, लेकिन उन्होंने अपने आदर्शों और पार्टी से कभी समझौता नहीं किया।
उन्होंने घोषणा की कि जल्द ही जिला और ब्लॉक स्तर पर संगठन की नई नियुक्तियाँ की जाएंगी, जिसके बाद राज्य कार्यकारिणी का गठन होगा। उनकी प्राथमिकता उन 28 विधानसभा क्षेत्रों को मजबूत करना है जहाँ फिलहाल विपक्ष के विधायक हैं।
इस अवसर पर पूर्व विधानसभा अध्यक्ष जी.आर. मुसाफिर ने पच्छाद में कांग्रेस के किले को दोबारा मजबूत करने का संकल्प दोहराया। कार्यक्रम में पूर्व जिला परिषद अध्यक्षा दयाल प्यारी सहित वरिष्ठ पदाधिकारी देवेन्द्र शास्त्री, विवेक शर्मा, दिनेश आर्य और भारी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे। विनय कुमार का राजगढ़ पहुँचने पर कार्यकर्ताओं ने गर्मजोशी के साथ स्वागत किया।