हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट की सख्ती : मंदिर ट्रस्टों और शराब पर सेस से गोसदनों पर कितना किया खर्च
Himachalnow/शिमला
हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने सरकार से पिछले पांच साल में गोसदनों पर खर्च की रिपोर्ट मांगी है। कोर्ट ने कहा कि मंदिर ट्रस्टों से लिए जाने वाली राशि में से गोसदनों के सुधार पर कितना खर्च किया गया है, इसका रिकॉर्ड तलब किया गया है।
कोर्ट ने सरकार से पांच साल में गोसदनों पर खर्च की रिपोर्ट मांगी है। कोर्ट ने कहा कि राज्य में मंदिरों ट्रस्ट से कुल प्राप्ति का 15 फीसदी पैसा गोसदनों के सुधार के लिए लिया जाता है। शराब की बोतलों पर जो ढाई रुपए का सेस लगता है, वह भी गोसदनों को जाता है। इसके बावजूद पशुओं की स्थिति बदतर बनी है।
कोर्ट ने एसडीएम ज्वाली से लुथान राधे श्याम काऊ सेंचुरी की दयनीय स्थिति पर जवाब दायर करने को कहा है। याचिकाकर्ता ने आरोप लगाया है कि लुथान काऊ सेंचुरी की हालत बहुत खराब है। अदालत के आदेशों के बाद जब वहां का जायजा लिया गया तो पाया गया कि वहां पर जानवरों को उचित चारा नहीं दिया जा रहा है। गोसदन में 300 के बजाय एक हजार पशु रखे गए हैं।