HNN/ शिमला

आज भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन ने हिमाचल प्रदेश विश्विद्यालय में वी.वी के कुलपति के ऑफिस के बाहर धरना प्रदर्शन व नारेबाजी की। एनएसयूआई ने छात्र नेताओं के निष्कासन को वापिस लेने की मांग की। छात्र नेताओं को बिना किसी कारण बताओ नोटिस के निष्कासित क्यों किया गया। प्रदेश अध्यक्ष छतर सिंह ठाकुर ने कहा हैं कि एनएसयूआई के छात्र नेताओं पर एक तरफा कार्यवाही हो रही हैं।

एनएसयूआई गांधीवादी विचारधारा हैं, जो अहिंसा के रास्ते पर चलता हैं। उसके वाबजूद भी हमारे छात्र नेताओं को निष्कासित किया गया हैं। जबकि प्रदेश विश्विद्यालय में शिक्षा का माहौल ख़राब करने वाले, दिनदहाड़े तेज धार हथियारों से लड़ाई करने वालो पर कोई कार्यवाही नही होती हैं। प्रदेश विश्विद्यालय के अध्यक्ष रजत भारद्वाज, संगठन महासचिव मनोज चौहान ने धरना देते हुए कहा कि वी.वी के हॉस्टल व पुस्तकालय खुले रहने चाहियें।

प्रदेश वी.वी के होस्टलों में अभी भी 100 से ज्यादा छात्र, छात्राएं रुके हुए हैं। एनएसयूआई उन सभी छात्रों की लड़ाई लड़ेगा। ऐसी परिस्थितियों में यह सभी छात्र कहा जायेगे। जहा प्रदेश के दुर्गम इलाको में हिमपात हुआ है, सड़के बन्द पड़ी हैं। हमारे छात्र नेताओं का निष्कासन अगर वापिस नही लिया गया तो एनएसयूआई पूरे प्रदेश भर में उग्र आंदोलन करेगा।